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Sunday, December 2, 2012
हमारी ही दुकान पर !!!
हम खुद ही कभी बेचा करते थे ........... "दर्द ये दिल" की दवा ,,
और आज वक़्त ने ऐसा रुख पलटा की , खड़ा कर दिया हमें,
ख़ुद ..................हमारी ही दुकान पर !!!
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